Thursday, August 14, 2008

ओलम्पिक 2008



शंभू शरण मंडल

पक्का हो विश्वाश परस्पर अमन,दोस्ती,प्यार ओलम्पिक,
और ऊंचा, मजबूत और हो ,और तेज रफ्तार ओलम्पिक.

खेल भावना घर- घर जाए खेलों के इस मेले से,
खेल-खेल में जीना सीखें तुमसे बारम्बार ओलम्पिक.

हार-जीत बस धुप-छाँव है, जीवन अपना खेलगांव है,
छल्ले जुड़कर बता रहें हैं दुनिया एक परिवार ओलम्पिक.

प्रदूषण के दाग मिटा दें जलवायु के दामन से,
साझा कर संकल्प बचाएं कुदरत के उपहार ओलम्पिक.

तरह- तरह के क्रीडा-कौतुक दुहराते सन्देश यही,
विविधता ही जीवन का है सच्चा एक आधार ओलम्पिक

सृष्टि की अनमोल अदा धरती ,अम्बर आबाद रहे,
"फुवे" जैसे रहें मनाते खुशियों के त्यौहार ओलम्पिक

जोश नया, उल्लास नया, हर अभिनय हर अंदाज नया
जड़-चेतन में कर दे तू नवजीवन का संचार ओलम्पिक

भूख, आपदा, बीमारी से और नही तडपे कोई

हर मौके पर डट जाएँ हम बनके पहरेदार ओलम्पिक

दहशत आतंक हो जग में, मानवता बेखौफ रहे ,
बंद करा दे दुनिया के सब गंदे कारोबार ओलम्पिक.

द्वेष, दमन का लेश नहीं अब एक हमारा नारा है,
"साझी दुनिया,साझा सपना " हो जाए साकार ओलम्पिक.


फुवे= बीजिंग ओलम्पिक के पांच शुभंकर जो
क्रमशः समुद्र,जंगल,अग्नि, भूमि और आकाश के प्रतीक हैं

ओलम्पिक 2008



शंभू शरण मंडल

पक्का हो विश्वाश परस्पर अमन,दोस्ती,प्यार ओलम्पिक,
और ऊंचा, मजबूत और हो ,और तेज रफ्तार ओलम्पिक.

खेल भावना घर- घर जाए खेलों के इस मेले से,
खेल-खेल में जीना सीखें तुमसे बारम्बार ओलम्पिक.

हार-जीत बस धुप-छाँव है, जीवन अपना खेलगांव है,
छल्ले जुड़कर बता रहें हैं दुनिया एक परिवार ओलम्पिक.

प्रदूषण के दाग मिटा दें जलवायु के दामन से,
साझा कर संकल्प बचाएं कुदरत के उपहार ओलम्पिक.

तरह- तरह के क्रीडा-कौतुक दुहराते सन्देश यही,
विविधता ही जीवन का है सच्चा एक आधार ओलम्पिक

सृष्टि की अनमोल अदा धरती ,अम्बर आबाद रहे,
"फुवे" जैसे रहें मनाते खुशियों के त्यौहार ओलम्पिक

जोश नया, उल्लास नया, हर अभिनय हर अंदाज नया
जड़-चेतन में कर दे तू नवजीवन का संचार ओलम्पिक

भूख, आपदा, बीमारी से और नही तडपे कोई

हर मौके पर डट जाएँ हम बनके पहरेदार ओलम्पिक

दहशत आतंक हो जग में, मानवता बेखौफ रहे ,
बंद करा दे दुनिया के सब गंदे कारोबार ओलम्पिक.

द्वेष, दमन का लेश नहीं अब एक हमारा नारा है,
"साझी दुनिया,साझा सपना " हो जाए साकार ओलम्पिक.


फुवे= बीजिंग ओलम्पिक के पांच शुभंकर जो
क्रमशः समुद्र,जंगल,अग्नि, भूमि और आकाश के प्रतीक हैं